• About
  • Advertise
  • Contact
Monday, June 15, 2026
UP80
  • होम
  • यूपी
  • बिहार
  • दिल्ली
  • राजनीति
  • देश
  • विदेश
  • अन्य राज्य
No Result
View All Result
  • होम
  • यूपी
  • बिहार
  • दिल्ली
  • राजनीति
  • देश
  • विदेश
  • अन्य राज्य
No Result
View All Result
UP80
No Result
View All Result
Home बड़ी खबर

अस्ताचल की ओर जदयू, बिहार में क्या होगा?

up80.online by up80.online
November 30, 2025
in बड़ी खबर, बिहार, यूपी, राजनीति
0
Nitish Kumar

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार

0
SHARES
Share on FacebookShare on TwitterLinkedinWhatsappTelegramEmail

हिमांशु मिश्र, नई दिल्ली

छह महीने, एक साल या अधिक से अधिक डेढ़ साल। जदयू को या तो बीजेडी बनना है या फिर भाजपा में विलीन हो जाना है। ठीक है कि राजग सत्ता में आया। नीतीश की बदौलत भाजपा पहली बार बिहार में सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी। हालांकि जनादेश कुछ इस तरह का है कि ढाई दशक की सियासत में नीतीश का पाया इस बार कमजोर है। सियासत की दृष्टि से भी और स्वास्थ्य की दृष्टि से भी। इस जनादेश ने नीतीश की सबसे बड़ी पलटने की ताकत छीन ली है। अब स्थिति यह नहीं है कि परिणाम के पहले और परिणाम के बाद भी नीतीश जिधर हैं, सत्ता भी उधर ही है।

JDU
जदयू

विचारधारा समेत तमाम मामलों में आप भाजपा को लाख गाली दें, कड़ी आलोचना करें, मगर आपको इनसे राजनीति सीखनी होगी। भाजपा ही नहीं संघ से भी। इन्हें समय के साथ बदलना आता है। प्रधानमंत्री मोदी ने महज एक दशक में भाजपा को ब्राह्मण-बनिया की छवि से बाहर निकाल लिया है। इनको पता है कि कैसे जदयू को भाजपा बनाना है या जदयू को कैसे अप्रासांगिक कर देना है। इस रास्ते उसे अब चंद कील कांटे दुरुस्त करने हैं। संजय झा, ललन सिंह साथ हैं। बस विजय चौधरी, बिजेंद्र यादव, श्रवण कुमार और अशोक चौधरी जैसे ओबीसी नेताओं को साधना है।

Bihar
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, बिहार

पहले भाजपा को डर था कि जदयू को भाजपा बनाने या खुद में आत्मसात कर लेने की प्रक्रिया इन्हीं नेताओं के कारण खटाई में पड़ सकती है। हालांकि अब परिस्थिति दूसरी है। राजद मृतप्राय है। चुनाव में हार बड़ी बात नहीं है। सवाल है कि हारने के बाद पार्टी क्या सोच रही है? क्या वाकई ईमानदार विश्लेषण करना चाहती है? राजद में यह नहीं दिखता। पार्टी हार के वास्तविक कारणों के बदले वोट चोरी, ज्ञानेश कुमार, चुनाव आयोग पर ही अटकी है। चूंकि राजद में ईमानदार स्वीकारोक्ति का अभाव उसे भविष्य में भी इसी तरह अप्रासांगिक बनाए रखेगा, इसलिए जदयू में सामाजिक न्याय से जुड़े ईबीसी, ओबीसी नेता डूबते नाव की सवारी करना नहीं चाहेंगे। दरअसल राजद को अब तक यह बात नहीं समझ आई कि भाजपा ने कैसे ढाई दशक पुराने कथित जंगलराज की धारणा को न केवल बनाए रखा, बल्कि इसके बाद की दूसरी-तीसरी पीढ़ी को इसी मुद्दे पर साध लिया। लालू-राबड़ी राज में जो पैदा भी नहीं हुए थे या जिन्हें उस दौर का कुछ भी याद नहीं है, वह वर्ग अगर जंगलराज के भय से राजग के साथ खड़ा होता है तो इसके भी राजनीतिक निहितार्थ हैं।

Bihar
CM Nitish Kumar, Bihar

वैसे भी वंशवाद को जितना बुरा कहिए, मगर यह सच्चाई है कि क्षेत्रीय दल इसके बिना जिंदा नहीं रह सकता। ओडिशा में बीजेडी, तमिलनाडु में अन्नाद्रमुक सबसे ताजा उदाहरण हैं। यहां तक कि कांग्रेस को ही देख लीजिये। क्या इस पार्टी की गांधी परिवार के बिना कल्पना की जा सकती है? पारिवारिक विरासत न होने के कारण ओडिशा में बीजेडी मृतप्राय है। तमिलनाडु में जयललिता के बाद अन्नाद्रमुक का फातिहा पढ़ा जा रहा है। पश्चिम बंगाल में अविवाहित ममता बनर्जी गहरे संकट में हैं। कारण नवीन और ममता का अपना वंश नहीं है। जयललिता का अपना वंश न होने के कारण अन्नाद्रमुक तमिलनाडु में धीमी मौत मर रही है। बिहार में नीतीश के साथ भी यही स्थिति है। उनके परिवार में कोई ऐसा नहीं है जो इस स्थिति को संभाल पाए। दरअसल ये दल जिन जातीय या अन्य समीकरणों के कारण अपना वोट बैंक बनाते हैं, उनमें उनके समर्थक परिवार के सदस्य के बाद खुद को इस परिवार का सर्वाधिक करीबी मानते हैं। संसद भवन में जब मैंने किसी उपचुनाव में मुलायम परिवार के ही सदस्य को उम्मीदवार बनाने पर सवाल उठाए तो दिवंगत सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने कहा था कि सपा में हमारी जाति का तानाबाना ही ऐसा है कि परिवार के बाहर स्वजातीय को टिकट देने पर स्थिति संभाले नहीं संभलेगी।

बहरहाल बात बिहार की। जदयू को देर सबेर भाजपा के आगोश में समाना ही है। भाजपा ने खूबसूरत रणनीति के साथ अपना चोला बदल लिया है। इकलौते ब्राह्मण को मंत्रिमंडल में शामिल करने के सवाल पर भले ही हाय तौबा मची हो, मगर यह भाजपा के हित में है। यह बिरादरी भाजपा को जितना गरियाएगी, उतना ही पार्टी को लाभ होगा। वैसे भी ब्राह्मण बिरादरी बिहार और उत्तर प्रदेश में मुसलमान हो गई है। दल विशेष के प्रति अंधभक्ति के कारण कोई भी दल न तो पद के मामले में और न ही टिकट के मामले में इन्हें अहमियत दे रहा है। जब मुफ्त में ही वोट मिलना है तो कोई दल क्यों पूछेगा? हां, बिहार की राजनीति तेजी से करवट ले रही है। शून्य सीट लेने वाले प्रशांत किशोर भविष्य में ज्यादा प्रासांगिक होंगे और जदयू की तरह राजद के अस्ताचल की ओर बढऩे की प्रक्रिया में दिनोंदिन तेजी आएगी। ओवैसी का झंडा अब उत्तर और पूर्वी भारत में और बुलंद होगा।

(वरिष्ठ पत्रकार हिमांशु मिश्रा की फेसबुक वॉल से)

हिमांशु मिश्रा
हिमांशु मिश्रा, वरिष्ठ पत्रकार

पढ़ते रहिए यूपी80 न्यूज: शराब तस्करी से जुड़ा व्हाट्सएप चैट वायरल होने पर पूरी पुलिस चौकी स्टाफ निलंबित

Previous Post

एमएमडी पब्लिक स्कूल में संविधान दिवस पर युवा संसद का आयोजन

Next Post

ग्राम चौपालों के जरिए 5 लाख 85 हजार समस्याओं का हुआ निराकरण

up80.online

up80.online

Related Posts

Election
बड़ी खबर

नवंबर-दिसंबर में यूपी सहित पांच राज्यों में चुनाव की तैयारी!

June 14, 2026
उपजातियों के भेदों को छोड़कर ‘पटेल’ नाम के सूत्र में बंधें समाज- आरबी सिंह पटेल
अन्य राज्य

उपजातियों के भेदों को छोड़कर ‘पटेल’ नाम के सूत्र में बंधें समाज- आरबी सिंह पटेल

June 12, 2026
भानू प्रताप सिंह
बड़ी खबर

आजमगढ़ का एक लाख का इनामी भानू प्रताप सिंह मुठभेड़ में ढेर

June 8, 2026
Next Post
Maurya

ग्राम चौपालों के जरिए 5 लाख 85 हजार समस्याओं का हुआ निराकरण

Heart attack

टेस्ट के दौरान छठी के छात्र की हार्ट अटैक से मौत!

आगरा

महापौर के भतीजे की अभद्रता पर निगम कर्मियों का फूटा गुस्सा, काली पट्टी बांधकर किया कार्य

Recommended

उपजातियों के भेदों को छोड़कर ‘पटेल’ नाम के सूत्र में बंधें समाज- आरबी सिंह पटेल

उपजातियों के भेदों को छोड़कर ‘पटेल’ नाम के सूत्र में बंधें समाज- आरबी सिंह पटेल

3 days ago
uppsc topper Anju Katiyar

अंजू कटियार के बारे में ये भी जानिए, फिर फैसला कीजिए,,

7 years ago
Election

नवंबर-दिसंबर में यूपी सहित पांच राज्यों में चुनाव की तैयारी!

22 hours ago
Indian Train

पुलिस भर्ती परीक्षा के लिए रेलवे ने चलाईं तीन जोड़ी विशेष ट्रेनें

1 week ago

Categories

  • अखिलेश यादव
  • अन्य राज्य
  • तेजस्वी यादव
  • दिल्ली
  • देश
  • बड़ी खबर
  • बिहार
  • यूपी
  • यूपी विधानसभा चुनाव
  • राजद
  • राजनीति
  • विदेश
  • सपा

Topics

Akhilesh Yadav Anupriya Patel Apna Dal (S) Azamgarh Ballia Belthra Road bihar bjp BSP CM Yogi Congress death farmers Mirzapur Samajwadi Party Sonbhadra Uttar Pradesh Varanasi yogi govt अखिलेश यादव अनुप्रिया पटेल अपना दल (एस) आजमगढ़ उत्तर प्रदेश ओबीसी कांग्रेस किसान किसान आंदोलन केशव प्रसाद मौर्य कोरोना नीतीश कुमार बलिया बसपा बिहार बीजेपी बेल्थरा रोड भाजपा मायावती मिर्जापुर योगी सरकार वाराणसी सपा समाजवादी पार्टी सीएम योगी सोनभद्र

Highlights

क्या डीके शिवकुमार के बाद यूपी के इस नेता की खुलेगी किस्मत?

झुका नगर निगम, सपा पार्षद को दिलाई शपथ

गंगोत्री से गंगा सागर तक खिला कमल

सोनभद्र: खनन कार्य में लापरवाही, 7 अधिकारियों पर एक्शन

“शिक्षा का अधिकार” लिखे बैग जलाने से मचा हड़कंप

राज्य कर्मचारियों को परेशान कर रही है सरकार: तिवारी

Trending

Election
बड़ी खबर

नवंबर-दिसंबर में यूपी सहित पांच राज्यों में चुनाव की तैयारी!

by up80.online
June 14, 2026
0

जनगणना के दूसरे चरण से पहले चुनाव संपन्न कराने की तैयारी बलिराम सिंह, लखनऊ उत्तर प्रदेश में...

उपजातियों के भेदों को छोड़कर ‘पटेल’ नाम के सूत्र में बंधें समाज- आरबी सिंह पटेल

उपजातियों के भेदों को छोड़कर ‘पटेल’ नाम के सूत्र में बंधें समाज- आरबी सिंह पटेल

June 12, 2026
भानू प्रताप सिंह

आजमगढ़ का एक लाख का इनामी भानू प्रताप सिंह मुठभेड़ में ढेर

June 8, 2026
Indian Train

पुलिस भर्ती परीक्षा के लिए रेलवे ने चलाईं तीन जोड़ी विशेष ट्रेनें

June 6, 2026
बलिया रेलवे स्टेशन

अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत बलिया रेलवे स्टेशन का हुआ गहन निरीक्षण

June 5, 2026

About Us

लोकतांत्रिक देश में मीडिया को लोकतंत्र का चौथा स्तम्भ कहा जाता है। मीडिया का मुख्य कार्य जनसरोकार से जुड़ी खबरों को आम जनता तक पहुंचाना है, ताकि आम जनता उन योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठा सके। इसके अलावा सरकार की किसी भी योजना का आम जनता को कितना लाभ मिल रहा है, उसके जनप्रतिनिधि अपने क्षेत्र में आम जनता की समस्याओं का निराकरण कैसे करते हैं। लोकतंत्रिक देश में जनप्रतिनिधि अपनी जनता की अपेक्षाओं पर कितना खरा उतरते हैं। ये सभी जानकारी आपको www.up80.online पर मिलेंगी।

Follow us on social media:

Trending

नवंबर-दिसंबर में यूपी सहित पांच राज्यों में चुनाव की तैयारी!

उपजातियों के भेदों को छोड़कर ‘पटेल’ नाम के सूत्र में बंधें समाज- आरबी सिंह पटेल

आजमगढ़ का एक लाख का इनामी भानू प्रताप सिंह मुठभेड़ में ढेर

पुलिस भर्ती परीक्षा के लिए रेलवे ने चलाईं तीन जोड़ी विशेष ट्रेनें

अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत बलिया रेलवे स्टेशन का हुआ गहन निरीक्षण

बेल्थरा रोड में आज जीएसटी संगोष्ठी, व्यापारी रख सकेंगे अपनी समस्याएं

Others Links

  • Contact
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Terms and Conditions
  • About
  • Advertise
  • Contact

Copyright © 2019 up80.online

error: Content is protected !!
No Result
View All Result
  • Home
  • देश
  • राजनीति
  • विदेश
  • बिहार
  • यूपी
  • वीडियो
  • दिल्ली

Copyright © 2019 up80.online