रेलवे द्वारा औडी व अनपरा (औराडांड, बजरंग नगर) में की जा रही बेदखली की कार्यवाही पर हाईकोर्ट ने फिलहाल रोक लगाई
यूपी80 न्यूज, सोनभद्र
अनपरा नगर पंचायत परिक्षेत्र Anpara Nagar Panchayat area में लगातार रेलवे, अनपरा तापीय परियोजना, एनसीएल द्वारा बेदखली की कार्यवाही हेतु किये जा रहे प्रचार-प्रसार से भयाक्रान्त अनपरा नगरवासियों के लिये राहत की खबर है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने औडी की 193 हेक्टेयर व अनपरा (औराडांड, बजरंग नगर) की 45 हेक्टेयर भूमि जिसे रेलवे द्वारा वर्ष 1982 से 84 के मध्य तथाकथित रुप से अधिग्रहित किये जाने के आधार पर अपना बताते हुये उस पर निवासरत व काबिज लोगों को नोटिस जारी कर व सूचना जारी कर हटाने की प्रक्रिया की जा रही थी पर रोक लगाते हुये आवश्यक अभिलेखों के साथ न्यायालय में अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है।

याचिकाकर्ताओं के अधिवक्ता अभिषेक चौबे ने बताया कि रेलवे द्वारा ग्राम औडी की जिस 193 हेक्टेयर व अनपरा (औराडांड, बजरंग नगर) की जिस 45 हेक्टेयर भूमि पर अपना दावा किया जा रहा था उसमें से लगभग 50 हेक्टेयर भूमि वर्तमान में राजस्व अभिलेखों में किसानों के नाम दर्ज है तथा अन्य भूमियों पर बडी संख्या में आम आबादी (जनसंख्या) निवासरत है। रेलवे द्वारा केवल राजस्व नक्शे में रेलवे विभाग के पक्ष मे भूमि सीमांकित होने के आधार पर औडी व अनपरा की उक्त भूमियों को तथाकथित रुप से रेलवे विभाग हेतु अधिग्रहित बताते हुये उन पर निवासरत् आबादी जिनके नाम भूमि नहीं है व जिन किसानों का नाम वर्तमान में राजस्व अभिलेखो में दर्ज उन्हें भी प्रतिकर व पुर्नवास लाभ दिये बेदखली की कार्यवाही प्रारम्भ की गयी थी, जिसके विरुद्ध उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल की गयी थी, जिस पर सुनवाई के दौरान न्यायालय ने रेलवे विभाग को भूमि के स्वामित्व सम्बन्धित आवश्यक अभिलेखों के साथ इलाहाबाद उच्च न्यायालय में पक्ष रखने तथा तब औडी व अनपरा की संदर्भित भूमियों पर रेलवे विभाग को किसी भी प्रकार की बेदखली की कार्यवाही किये जाने पर रोक लगा दी है। हाईकोर्ट इलाहाबाद में सुनवाई के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता अनूप त्रिवेदी व अभिषेक चौबे ने बेदखली के कार्यवाही से जुझ रहे किसानों / व्यक्तियों का पक्ष माननीय उच्च न्यायालय के समक्ष बड़ी मजबूती से रखा।














