37 दिन पहले पार्टी में शामिल हुईं पूनम मौर्या Poonam Maurya को भाजपा ने प्रत्याशी बनाया, इनके ससुर अखिल भारतीय कुशवाहा महासभा Akhil Bharatiya Kushwaha Mahasabha के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं
यूपी80 न्यूज, वाराणसी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी Varanasi में जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी के लिए दो महिलाएं आमने सामने आ गई हैं। भाजपा ने यहां से पूनम मौर्या Poonam Maurya को प्रत्याशी घोषित किया है तो समाजवादी पार्टी Samajwadi Party की तरफ से चंदा यादव Chanda yadav मैदान में हैं। पूनम मौर्या महज 37 दिन पहले पार्टी में शामिल हुईं हैं। इनके ससुर मोतीलाल शास्त्री राष्ट्रीय समानता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं अखिल भारतीय कुशवाहा महासभा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं।
पूनम मौर्या ने काशी विद्यापीठ ब्लॉक से सर्वाधिक मतों से जीत का रिकार्ड बनाया है। पिछले महीने 14 मई को भाजपा में शामिल होने के साथ ही उन्हें जिला पंचायत अध्यक्ष का दावेदार माना जा रहा था।
क्षेत्रीय पार्टियां व निर्दलियों की महत्वपूर्ण भूमिका:
वैसे तो वाराणसी में सर्वाधिक सीटें समाजवादी पार्टी ने जीती है। लेकिन भाजपा यहां पर सपा के बागियों एवं निर्दलियों के सहारे पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर काबिज होना चाहती है। वहीं समाजवादी पार्टी एंटी बीजेपी लहर को भुनाने में जुटी हुई है। यहां पर अपना दल एस, बसपा, कांग्रेस, सुभासपा की भी महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
वाराणसी में हर वर्ग को साधने की रणनीति:
पीएम के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में भाजपा हर वर्ग को साधने की कोशिश में जुटी हुई है। परंपरागत मतदाताओं के अलावा पिछड़ी जातियों को भी साधने की रणनीति पर काम हो रहा है। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य कौशलेंद्र सिंह पटेल यहां से मेयर रह चुके हैं। कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर यहीं से आते हैं। सहयोगी पार्टी अपना दल (एस) के एक विधायक नील रतन पटेल के अलावा उत्तर प्रदेश सरकार में दर्जा प्राप्त मंत्री रेखा पटेल एवं उत्तर प्रदेश राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य डॉ.नरेंद्र पटेल यहां से आते हैं। पार्टी ने अब मौर्या समाज पर दाव लगाया है। उधर, समाजवादी पार्टी ने भी चंदा यादव को मैदान में उतारकर लड़ाई रोचक बना दिया है। चंदा यादव सपा के जिला उपाध्यक्ष राजेश यादव की पत्नी हैं।
वाराणसी में पार्टीवाइज जिला पंचायत सदस्यों की स्थिति:
समाजवादी पार्टी – 14
भाजपा – 8
बसपा – 5
कांग्रेस – 5
अपना दल एस – 3
सुभासपा – 1
आप – 1
अन्य – 3












