सांसद चंद्रशेखर आजाद ने सीएम योगी को लिखा पत्र
यूपी80 न्यूज, लखनऊ
“सिविल पुलिस के कर्मियों को तो समय-समय पर पदोन्नति दी जा रही है, लेकिन आतंकवाद, नक्सलवाद, चुनाव ड्यूटी और आपदा प्रबंधन जैसी परिस्थितियों में सदैव अग्रिम मोर्चे पर रहने वाले पीएसी के जवान और अधिकारी उसी स्तर की सेवा के बावजूद समान लाभ से वंचित हैं।” यह आरोप लगाते हुए आजाद समाज पार्टी के सांसद एडवोकेट चंद्रशेखर आजाद ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर पीएसी के जवानों व अधिकारियों की पदोन्नति की मांग की है।
सांसद एडवोकेट चंद्रशेखर ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर प्रांतीय सशस्त्र बल (पीएसी) के अधिकारियों और कर्मचारियों को सिविल पुलिस के समान प्रमोशन प्रक्रिया प्रदान करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि राज्य और देश की सुरक्षा व्यवस्था में पीएसी बल की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। आतंकवाद, नक्सलवाद, चुनाव ड्यूटी और आपदा प्रबंधन जैसी परिस्थितियों में यह बल सदैव अग्रिम मोर्चे पर तैनात रहता है, फिर भी प्रमोशन की प्रक्रिया में भेदभाव का सामना कर रहा है।
पत्र संख्या 548/CS/MP/LS/2025 में सांसद चंद्रशेखर ने लिखा कि सिविल पुलिस के कर्मियों को नियमों के अनुसार समय-समय पर पदोन्नति दी जा रही है, लेकिन पीएसी के जवान और अधिकारी उसी स्तर की सेवा के बावजूद समान लाभ से वंचित हैं। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि वर्ष 1984 बैच के सिविल पुलिस उप निरीक्षकों को पहले ही प्रमोशन मिल चुका है, जबकि 1994 बैच तक के पीएसी कर्मियों का प्रमोशन अभी लंबित है।
सांसद ने कहा कि यह स्थिति न केवल जवानों के मनोबल को प्रभावित कर रही है, बल्कि सुरक्षा व्यवस्था को भी कमजोर कर सकती है। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि पीएसी कर्मियों के साथ न्यायोचित व्यवहार सुनिश्चित करते हुए उन्हें भी सिविल पुलिस के समान प्रमोशन का लाभ दिया जाए।